Connect with us
https://www.aajkikhabar.com/wp-content/uploads/2020/12/Digital-Strip-Ad-1.jpg

अन्तर्राष्ट्रीय

अब सिंगापुर और यूएई में 12-15 साल के बच्चों को दी जाएगी कोरोना वैक्सीन

Published

on

नई दिल्ली। सिंगापुर और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में 12 से 15 साल के बच्चों को फाइजर-बायोनटेक की कोरोना वैक्सीन दिए जाने का फैसला लिया गया है। इससे पहले अमेरिका और कनाडा में कम उम्र के बच्चों को वैक्सीन लगाए जाने की मंजूरी मिल चुकी है।

इन देशों के अलावा यूरोपियन मेडिकल एजेंसी बच्चों को फाइजर की वैक्सीन दिए जाने पर विचार कर रही है। यह फैसला ऐसे वक्त लिया गया है, जब बीते साल की तुलना में इस साल कोरोना संक्रमण बच्चों में भी तेजी से फैलता दिख रहा है।

भारत में भी दावा किया जा रहा है कि कोरोना की तीसरी लहर बच्चों के लिए कहर साबित हो सकती है। भारत में अभी तक बच्चों की वैक्सीन को मंजूरी नहीं मिली है।

सिंगापुर में फाइजर की वैक्सीन अभी तक सिर्फ 16 साल या उससे ज्यादा के किशोरों को दी जा रही थी। हाल के कुछ हफ्तों में सिंगापुर के स्कूली छात्र कोरोना पॉजिटिव पाए गए, जिसके बाद सिंगापुर ने स्कूल बंद करने का ऐलान किया।

अन्तर्राष्ट्रीय

करोड़ो में बिकती है ये मछली, 50 दिनों तक मुंह में सेती है अंडे

Published

on

नई दिल्ली। दक्षिण अमेरिका के ओयापॉक और रूपुनुनी नदियों में एरोवाना मछलियां पायी जाती हैं। ये मछलियां कम सतही पानी और दलदलों के पास पाई जाती हैं। एरोवाना मछलियां पानी की सतह के करीब तैरना पसंद करती हैं।

एरोवाना मुख्य रूप से मीठे पानी में पायी जाती हैं क्योंकि खारे पानी में उनकी सहनशीलता कम होती है। फेंग सुई के हिसाब से एरोवाना को घर में रखने से तरक्की होती है और पैसे भी आते हैं।

एरोवाना मछलियों के कुछ रोचक बातें

एरोवाना नर मछली 50 दिनों तक अंडो को मुंह में रख सकती है और तभी उन्हें बाहर निकालती है जब वह थोड़े बड़े हो जाते हैं। ये मछली ताकतवर और साहसी होती हैं और 20 साल तक जीवित रह सकती हैं।

यह मछली 120 सेंटीमीटर तक बढ़ती हैं और वजन में लगभग 5 किलो तक होती हैं। सामान्य परिस्थितियों में यह मछली 1 करोड़ की बिकती हैं, लेकिन ब्लैक मार्केट में इसे दो करोड़ से ज्यादा की कीमत पर बेंचा जाता हैं। यह मछली मांसाहारी होती हैं और 5 फिट तक ऊपर कूद सकती हैं।

Continue Reading

Trending