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नेशनल

मोदी सरकार अपने कर्मचारियों के रिटायरमेंट नियमों में करने जा रही बड़ा बदलाव

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मोदी सरकार अपने कर्मचारियों के रिटायरमेंट नियमों में बदलाव करने जा रहा हैं। यह बदलाव सेना में काम करने वाले कर्मचारियों और उसके अधिकारियों को लेकर हैं। सरकार इसको लेकर आदेश जारी कर सकती हैं।

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रिटायरमेंट नियमों में होंगे 7 बड़े बदलाव..

मिली जानकारी के मुताबिक सेना के तकनीकी विभाग के अधिकारियों और जवानों के रिटायरमेंट की उम्र को बढ़ाई जा सकती हैं।

मोदी सरकार सेना के जवानों और अधिकारियों की रिटायरमेंट की उम्र बढ़ाने पर चर्चा कर रही हैं। बहुत जल्द आदेश जारी हो सकता हैं।

भारतीय सेना, भारतीय वायुसेना और नौसेना में समकक्ष अधिकारियों की रिटायरमेंट की मौजूद 54 साल की उम्र को बढ़ाकर 57 साल किया जा सकता हैं।

मेजर जनरलों की मौजूदा रिटायरमेंट की उम्र 58 साल से बढ़ाकर 59 साल किया जा सकता है।

रसद, तकनीकी और चिकित्सा विभाग में जूनियन कमीशन अधिकारियों और जवानों की रिटायमेंट की आयु बढ़ाकर 57 साल कर दी गई है।

लेफ्टिनेंट जनरल की रिटायमेंट की आयु पहले की ही तरह 60 साल रहेगी।

बिग्रेउियर और उनके समकक्ष अधिकारियों की मौजूदा रिटायरमेंट 56 साल की उम्र को बढ़ाकर 58 साल किया जा सकता हैं।

नेशनल

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के लिए पीएम मोदी ने 8 ट्रेनों को दिखाई हरी झंडी

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नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए स्टेच्यू ऑफ यूनिटी, केवड़िया को देश के विभिन्‍न हिस्‍सों से जोड़ने वाली 8 ट्रेनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस प्रकार गुजरात में सरदार सरोवर बांध के समीप स्थित केवड़िया गांव देशभर से रेलमार्ग से जुड़ गया है। इसी गांव के पास ही महान स्वतंत्रता सेनानी लौहपुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी है। केवड़िया के लिए ये ट्रेनें वाराणसी, दादर, अहमदाबाद, हजरत निजामुद्दीन, रीवा, चेन्नई और प्रतापनगर से रवाना हुई हैं।

इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि रेलवे के इतिहास में संभवत: पहली बार ऐसा हो रहा है जब एक साथ देश के अलग-अलग कोने से एक ही जगह के लिए इतनी ट्रेनों का हरी झंडी दिखाई गई हो। केवड़िया जगह भी तो ऐसी है, इसकी पहचान देश को एक भारत, श्रेष्ठ भारत का मंत्र देने वाले सरदार पटेल की दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा से है। केवड़िया रेल कनेक्टिविटी से आदिवासी भाई बहनों का जीवन भी बदलने जा रहा है।

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