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राजकीय पॉलीटेक्निक लखनऊ में शुरू हुई क्षेत्रीय खेलकूद एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता

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लखनऊ। राजकीय पॉलीटेक्निक लखनऊ में मंगलवार को क्षेत्रीय खेलकूद एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता शुरू हो गई। प्रतियोगिता का उद्घाटन एच.ए.एल लखनऊ के महाप्रबंधक राकेश मिश्रा ने किया।

इस मौके पर के. राम, क्षेत्रीय संयुक्त निदेशक, प्राविधिक शिक्षा, डॉ आर. के सिंह आयोजक संस्था प्रधानाचार्य, राजकीय पॉलीटेक्निक लखनऊ, एस.के सिंह प्रधानाचार्य रा.म.पा. अमेठी, एस.के श्रीवास्तव प्रधानाचार्य रा.म.पा. लखनऊ, राजेंद्र सिंह प्रधानाचार्य लखनऊ पॉलीटेक्निक, राखी सैनी प्रधानाचार्य राजकीय पॉलीटेक्निक बाराबंकी, विशिष्ट अतिथि एस.एस राम सहित मध्य क्षेत्र के 37 पॉलीटेक्निक के प्रधानाचार्यगण मौजूद रहे।

समारोह में मुख्य अतिथि के आगमन पर छात्राओं ने मनोरम सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं गायन की प्रस्तुति दी। खेल प्रतियोगिता की 800 मीटर दौड़ में बालक वर्ग में अमरेंद्र यादव पहले स्थान पर रहे जबकि आकाश कुमार और गौतम को दूसरा व तीसरा स्थान प्राप्त हुआ, वहीं बालिका वर्ग की 800 मीटर दौड़ में खुशनुमा बानो ने बाजी मारी जबकि महिमा सिंह और सोनल यादव दूसरे व तीसरे नंबर पर रहीं।

छात्र वर्ग के शॉटपुट प्रतियोगिता में कृष्ण प्रसाद अव्वल रहे जबकि गुलशन कुमार दूसरे व प्रज्जवल पांडेय तीसरे नंबर पर रहे, वहीं बालिका वर्ग के शॉटपुट प्रतियोगिता में इशिका मिश्रा पहला स्थान हासिल किया जबकि शिवांगी सक्सेना और मंजू दूसरे व तीसरे स्थान पर रहीं।

छात्र वर्ग आदर्श मिश्रा तीसरे स्थान पर रहे, वहीं बालिकाओं की लॉन्ग जंप प्रतियोगिता में मधु मौर्या ने बाजी मारी जबकि प्रतिमा प्रजापति और निर्मला दूसरे व तीसरे स्थान से नंबर पर रहीं। सभी सफल प्रतियोगियों को मुख्य अतिथि द्वारा सम्मानित किया गया।

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कोरोना को रोकने के लिए योगी सरकार ने उठाया बड़ा कदम, ये 31 इलाके पूरी तरह सील

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लखनऊ। उत्तर प्रदेश के बढ़ते कोरोना संक्रमण के देखते हुए योगी सरकार अब पहले भी ज्यादा सक्रिय हो गई है। वायरस के रोकथाम के लिए विभिन्न जिलों के 31 से अधिक इलाकों को पूरी तरह से सील कर दिया गया है।

जानकारी के मुताबिक जिन इलाकों को सील किया गया है वहां 48 घंटों में कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। रायबरेली जिले में दिल्ली से लौटे दो तब्लीगी जमातियों के कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद सोमवार को यहां के दस इलाकों को सील कर दिया गया था।

रायबरेली के पुलिस अधीक्षक स्वप्निल ममगाई ने कहा कि नगर कोतवाली क्षेत्र में 200 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है और निजामुद्दीन मरकज से लौटे दो जमातियों के कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया है। ये दोनों एक ‘धर्मशाला’ में रह रहे थे। उन्होंने कहा कि अग्निशमन दल और स्वास्थ्य कर्मचारी लगातार इन क्षेत्रों की सफाई कर रहे हैं।

इसी तरह, सीतापुर जिले के खैराबाद को भी सोमवार को सील कर दिया। यहां सादिक नाम के व्यक्ति के स्वामित्व वाले घर में 8 बांग्लाादेशी रह रहे थे। यहां एक का कोविड -19 परीक्षण पॉजिटिव आया था।

लखनऊ के पूरे सदर बाजार क्षेत्र को शुक्रवार शाम सील कर दिया गया था। यहां एक मस्जिद में तब्लीगी जमात के 12 सदस्य पाए गए जिनमें से 11 का इस घातक वायरस के लिए परीक्षण पॉजिटिव आया था।

सील किए गए सदर बाजार के निवासी रमेश भसीन ने आईएएनएस को फोन पर बताया कि उन्हें अपने दरवाजे पर खड़े होने या खिड़कियों के माध्यम से पड़ोसियों से बात करने की भी अनुमति नहीं दी जा रही है।

वाराणसी में चार इलाकों को भी सील कर दिया गया है। इनमें मदनपुरा, बजरडीहा, गंगापुर और लोहता शामिल हैं। इसके अलावा प्रतापगढ़, हाथरस, गाजीपुर, आजमगढ़ और कानपुर के विभिन्न इलाकों को भी सील कर दिया गया है।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “सभी सील हुए क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है और संक्रमण को रोकने के लिए यह किसी भी तरह के मूवमेंट को रोक दिया गया है।”

यह पूछे जाने पर कि लॉकडाउन अवधि में इलाकों को सील करने की जरूरत क्योिं पडी तो पुलिस अधिकारी ने बताया, “लॉकडाउन में, आवाजाही पर प्रतिबंध होता है, आपात स्थिति होने पर ही लोग बाहर जा सकते हैं। लेकिन जब हम किसी क्षेत्र को सील करते हैं, तो वहां किसी को भी घरों से बाहर निकलने की अनुमति नहीं होती है और आपात स्थिति होने पर हम उनके पास पहुंचते हैं।”

अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, कानून और व्यवस्था, पी.वी. रामसस्त्रि ने कहा कि जिला पुलिस प्रमुखों और दो पुलिस आयुक्तों को एक निर्देश जारी किया गया है, जिसमें किसी भी स्थिति के प्रभावी संचालन के लिए एक रैपिड एक्शन टीम (आरएटी) और राज्य में कोरोना फैलने के कारण उत्पन्न हुई किसी भी स्थिति में अन्य विभागों के साथ समन्वय के लिए एक नोडल कोरोना सेल की स्थापना करने को कहा गया है।

उन्होंने कहा, “एक स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) जिसमें अंतरराष्ट्रीय क्षेत्रों के अनुसार जोखिम वाले क्षेत्रों से निपटने का एक उचित तरीका बताया गया है, उसे भी सभी जिलों के साथ साझा किया गया है।” उन्होंने कहा कि किसी भी ऑपरेशन को शुरू करने के लिए जरूरी उपकरण राज्य के सभी जिलों के पुलिस प्रमुखों को उपलब्ध कराए गए हैं।

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