Connect with us

नेशनल

शारदा चिटफंड केसः सीबीआई के दफ्तर पहुंचे राजीव कुमार, होगी पूछताछ

Published

on

नई दिल्ली। शारदा चिटफंड घोटाले मामले में सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर कोलकाता के पुलिस कमिश्नर राजीव कुमार शनिवार को  शिलांग स्थित सीबीआई दफ्तर पहुंच गए हैं। यहां उनसे शारदा चिटफंड घोटाले के संबंध में पूछताछ की जाएगी। कुमार के साथ तीन अन्य आईपीएस अधिकारी भी सीबीआई दफ्तर पहुंचे हैं। आपको बता दें कि कुमार पर आरोप हैं कि उन्होंने घोटाले से जुड़े दस्तावेजों को नष्ट किए हैं।

कुमार से पूछताछ के लिए डीएसपी तथागत वर्धान भी सीबीआई दफ्तर पहुंचे हैं। प्राथमिक जांच का वही नेतृत्व करेंगे। मिली जानकारी के मुताबिक सीबीआई के पूर्व संयुक्त निदेशक पंकज श्रीवास्तव दोपहर को पूछताछ के लिए पहुंच सकते हैं। वहीं मिजोरम के पूर्व महाधिवक्ता और राजीव के वकील बिस्वजीत देव ने शनिवार सुबह अधिकारियों से मुलाकात की।

अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई 1989 बैच के आईपीएस अधिकारी कुमार से इसलिए पूछताछ करना चाहती है कि क्योंकि वह शारदा एवं अन्य पोंजी घोटाला मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी के प्रमुख थे।

राजीव कुमार सहित कुछ हाई प्रोफाइल संदिग्धों से पूछताछ के दौरान अतिरिक्त श्रम बल मुहैया कराने के लिए सीबीआई ने दिल्ली, भोपाल और लखनऊ इकाई के दस अधिकारियों को 20 फरवरी तक कोलकाता भेजा है।

एक आधिकारिक आदेश में बताया गया कि नई दिल्ली में विशेष इकाई के पुलिस अधीक्षक जगरूप एस. गुसिन्हा के साथ अतिरिक्त एसपी वी एम मित्तल, सुरेन्द्र कुमार मलिक, चंदर दीप, उपाधीक्षक अतुल हजेला, आलोक कुमार शाही और पी के श्रीवास्तव, निरीक्षक हरिशंकर चांद, रितेश दानही और सुरजीत दास कोलकाता में तैनात होंगे।

नेशनल

मुगलों के वंशज ने किया एलान, कहा-अगर राम मंदिर बना तो पहली ईट हम रखेंगे

Published

on

लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या मामले पर लगातार चल रही सुनवाई के बीच मुगल साम्राज्य के अंतिम शासक बहादुर शाह जफर के परिवार के सदस्य याकूब हबीबुद्दीन तुसी ने बड़ा बयान दिया है।

प्रिंस तुसी ने राम मंदिर निर्माण का समर्थन करते हुए कहा कि अगर अयोध्या में मंदिर का निर्माण किया जाता है तो हमारे परिवार की तरफ से पहली ईंट लगाई जाएगी और हम मंदिर की नींव के लिए सोने की शिला दान करेंगे।

आपको बता दें कि इससे पहले तुसी ने सुप्रीम कोर्ट में पक्षकार बनने की याचिका दायर की थी लेकिन उच्चतम न्यायालय ने इस इस याचिका को खारिज कर दिया था।

अदालत में दायर की गई याचिका में तुसी ने कहा था कि जिस जमीन को लेकर विवाद हो रहा है उसके मालिकाना हक का कागज किसी व्यक्ति के पास नहीं है। इस स्थिति में मेरा यह अधिकार है कि मैं मुगल वंश का वंशज होने के हक से अदालत में अपना पक्ष रखूंगा।

उधर इस मामले में जयपुर और मेवाड़ के बाद अब उत्तर प्रदेश के रहने वाले भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत ने दावा किया है कि वे राम के असली वंशज हैं। टिकैत ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में अगर सबूत देने की जरूरत पड़ी तो वह जरूर देंगे।

उन्होंने कहा कि सभी को मालूम है कि अयोध्या में भगवान राम का जन्म हुआ है। और वहां हुई खुदाई से साबित हो चुका है कि वह एक मंदिर था।

Continue Reading
Advertisement Aaj KI Khabar English

Trending