Connect with us

नेशनल

धार्मिक सौहार्द का पाठ पढ़ाने वाले स्कूलों में बच्चों के हाथ से काटी जा रहीं राखियां

Published

on

अहमदाबाद। गुजरात के एक स्कूल में कुछ बच्चों की कलाई से ज़बरदस्ती राखी कटवाने के मामले में राज्य सरकार ने स्कूल से सफाई मांगी है। राज्य शिक्षा मंत्री भूपेंद्र सिंह चूडासमा ने स्कूल को नोटिस जारी कर मामले में कार्यवाई करने के निर्देश दिए हैं।

पूरा मामला गांधीनगर के माउंट कारमेल हाईस्कूल का है। जहां कुछ माता-पिता ने स्कूल के खिलाफ शिक्षा विभाग से शिकायत की है कि एक शिक्षक ने रक्षाबंधन के अगले दिन पांचवी कक्षा के बच्चों की कलाइयों से राखी कैंची से कटवा दी। उनकी शिकायत पर शिक्षा मंत्री ने स्कुल को मामले की जांच करने के लिए नोटिस जारी किया है।

शिक्षा मंत्री ने पत्रकारों से कहा कि, “यह घटना अनुचित है। हम ऐसा कोई कृत्य सहन नहीं करेंगे जो धार्मिक भावनाओं को आहत करता हो। मेरे विभाग ने स्कूल को नोटिस जारी किया है और पूछा है कि यह किसने किया और किसने इसके लिए आदेश दिए थे। जवाब मिलने के बाद हम आगे फैसला करेंगे।”

वहीं दूसरी तरफ अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) और विश्व हिन्दू परिषद के सदस्यों ने कथित घटना को लेकर स्कूल के बाहर प्रदर्शन किया है।

नेशनल

उड़ान भरने के लिए राजनाथ सिंह ने आखिर क्यों चुना तेजस, जानें यहां

Published

on

नई दिल्ली। राजनाथ सिंह गुरुवार को बेंगलुरू में जी-सूट में पूरी तरह से तैयार तेजस लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (एलसीए) में उड़ान भरने वाले पहले रक्षा मंत्री बन गए हैं। उन्होंने कहा कि वह उड़ान से रोमांचित थे और उन्होंने उड़ान भरने के लिए इस विमान को इसलिए चुना, क्योंकि यह स्वदेशी रूप से विकसित किया गया था। विमान को वायुसेना (आईएएफ) के वरिष्ठ अधिकारी एयर वाइस मार्शल एन। तिवारी ने संचालित किया था।

सिंह ने कहा, “मैं उड़ान से रोमांचित था। यह मेरे लिए बहुत सहज और आरामदायक उड़ान थी। मैं इसका आनंद ले रहा था। मुझे देश के वैज्ञानिकों के साथ-साथ तेजस विमान के विकास पर काम करने वाले संगठनों पर गर्व है। आज, कई अन्य देशों में तेजस की मांग है। हम एक ऐसी स्थिति में पहुंच गए हैं जिसमें हम न केवल लड़ाकू विमान निर्यात कर सकते हैं, बल्कि अन्य देशों को भी रक्षा उपकरण मुहैया करा सकते हैं।”

यह पूछे जाने पर कि उन्होंने उड़ान भरने के लिए तेजस विमान को क्यों चुना, इस पर सिंह ने कहा कि यह जेट ‘स्वदेशी रूप से विकसित’ है, इसलिए मैंने इसे चुना। हालांकि 17 जनवरी 2018 को पूर्व रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण ने राजस्थान के जोधपुर हवाईअड्डे से वायुसेना के सुखोई -30 एमकेआई लड़ाकू विमान में उड़ान भरी थी। वह ‘सह-पायलट’ के रूप में फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली पहली महिला रक्षामंत्री भी थीं।

वहीं पूर्व राष्ट्रपति, प्रतिभा पाटिल और एपीजे अब्दुल कलाम ने 25 नवंबर, 2009 और 8 जून, 2006 को पुणे से एसयू-30 में उड़ान भरी थी। प्रतिभा पाटिल पहली महिला राष्ट्रपति थीं, जिन्होंने यह उड़ान भरी थी, जबकि एक सैन्य लड़ाकू में उड़ान भरने वाले कलाम पहले राष्ट्रपति बने थे।

Continue Reading
Advertisement Aaj KI Khabar English

Trending