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अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

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उत्तराखंड के मशहूर फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट (एफआरआई) में 55 हजार लोगों के साथ चौथे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने योग के कई आसन लगाए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की योग करते हुए तस्वीरें देखें …..

इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहा कि, दुनियाभर के योग प्रेमियों को चौथे अंतराष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं देता हूं।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने देहरादून को योग दिवस पर मुख्य आयोजन स्थल के तौर पर चुनने के लिए प्रधानमंत्री मोदी का आभार जताते हुए कहा कि इस कदम से राज्य में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 : उत्तराखंड के मशहूर फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट (एफआरआई) में योग के बारे में बताते प्रधानमंत्री मोदी

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 :  उत्तराखंड के मशहूर फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट (एफआरआई) में जनता का अभिवादन स्वीकार करते प्रधानमंत्री मोदी

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 :  उत्तराखंड के मशहूर फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट (एफआरआई) में जनता का अभिवादन स्वीकार करते प्रधानमंत्री मोदी

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 :  उत्तराखंड के मशहूर फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट (एफआरआई) में जनता का अभिवादन स्वीकार करते प्रधानमंत्री मोदी

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

 

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2018 पर प्रधानमंत्री की योग मुद्राएं

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सुप्रीम कोर्ट ने संविधान से इंडिया शब्द हटाने वाली याचिका पर सुनवाई से किया इनकार

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नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने संविधान से इंडिया शब्द हटाने की मांग वाली याचिका पर सुनवाई करने से इनकार कर दिया है। सर्वोच्च न्यायालय ने बुधवार को सुनवाई करते हुए कहा कि याचिका को सरकार के पास रिप्रेजेंटेशन के तौर पर माना जाए और केंद्र को ज्ञापन दिया जा सकता है। मुख्य न्यायधीश एसए बोबडे ने कहा कि हम ये नहीं कर सकते क्योंकि पहले ही संविधान में भारत नाम ही कहा गया है।

यह याचिका नमह (Namah) नामक दिल्ली के किसान की ओर से कोर्ट में डाली गई थी और संविधान के आर्टिकल-1 में बदलाव की मांग की गई थी। याचिका में याचिकाकर्ता की ओर से ‘इंडिया’ को हटाकर ‘भारत’ नाम की मांग की गई थी।

याचिकाकर्ता का कहना था कि इंडिया नाम अंग्रेजों की गुलामी का प्रतीक है। देश का नाम अंग्रेजी में भी भारत करने से लोगों में राष्ट्रीय भावना बढ़ेगी और देश को अलग पहचान मिलेगी। याचिका दायर करने वाले नमह ने कहा कि प्राचीन काल में देश को भारत के नाम से जाना जाता था। आजादी के बाद अंग्रेजी में देश का नाम ‘इंडिया’ कर दिया गया इसलिए देश के असली नाम ‘भारत’ को ही मान्यता दी जानी चाहिए।

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