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जम्मू-कश्मीर में राज्यपाल शासन लागू, राष्ट्रपति की मंजूरी

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राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद की मंजूरी के बाद जम्मू एवं कश्मीर में बुधवार को राज्यपाल शासन लागू हो गया।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) से गठबंधन तोड़ने के फैसले के बाद व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती के इस्तीफे के बाद राज्यपाल एन.एन. वोहरा ने मंगलवार को कोविंद की मंजूरी मांगी।


वोहरा जम्मू एवं कश्मीर के संविधान के प्रावधानों के तहत राज्यपाल शासन को लागू करने की सिफारिश की, जो राज्य में छह महीने तक राज्यपाल शासन रहने की मंजूरी देता है।

अगर एक निर्वाचित सरकार छह महीने की अवधि के भीतर सत्तारूढ़ रहने में विफल रहती है, तो राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू हो सकता है। जम्मू-कश्मीर का अपना संविधान है जो भारतीय संविधान के साथ मिलकर चलता है। यह चौथी बार है कि वोहरा राज्य प्रशासन के मामलों को सीधे देखेंगे।

वोहरा का कार्यकाल 25 जून को खत्म हो रहा था, लेकिन कोविंद ने वोहरा के कार्यकाल की अवधि तीन महीने तक बढ़ा दी। सूत्रों ने बताया कि वोहरा ने एक और अवधि के लिए उनके कार्यकाल का विस्तार नहीं किए जाने की इच्छा जाहिर की है। वह 25 जून को कार्यकाल के 10 साल पूरा कर लेंगे।

जम्मू कश्मीर के राज्यपाल एन एन वोहरा के बारे में कुछ अहम बातें। वर्ष 2003 में अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में जम्मू-कश्मीर के वार्ताकार भी बने और वर्ष 2003 से 2008 तक वह जम्मू-कश्मीर में वार्ताकार भी रहे। वह पूर्व प्रधानमंत्री आईके गुजराल के प्रमुख सचिव भी रह चुके है और इसके आलावा गृह सचिव, रक्षा सचिव पर रह चुके हैं। (इनपुट आईएएनएस)

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पेड़े की वजह से बेहोश हो गए थे पतंजलि के सीईओ बालकृष्ण

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नई दिल्ली। पतंजलि आयुर्वेद के सीईओ बालकृष्ण की तबीयत शुक्रवार को अचानक खराब हो गई जिसके बाद उन्हें पास के भूमानंद अस्पताल में भर्ती कराया गया था लेकिन डॉक्टरों के उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें तुरंत एम्स रेफर कर दिया।

बालकृष्ण की तबीयत बिगड़ने पर सोशल मीडिया पर अफवाहें उड़ने लगी कि बालकृष्ण को दिल का दौरा पड़ा है, लेकिन अब इस मामले में नया मोड़ आ गया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक किसी व्यक्ति ने उन्हें पेड़ा लाकर दिया था जिसको खाने के बाद बालकृष्ण बेहोश हो गए और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

पतंजलि की तरफ से एसकेजी तिजरावाला ने पक्ष रखते हुए कहा कि अभी बालकृष्ण की हालत में सुधार है। उन्होंने कहा, ‘बाबा रामदेव ने आचार्य बालकृष्ण के स्वास्थ्य लिए चिंता जताने वाले करोड़ों लोगों का आभार जताते हुए कहा कि जन्माष्टमी पर एक व्यक्ति पेड़ा लेकर आया था, जिसे खाने के बाद वो बेहोश हो गए। हालांकि, अब स्थिति सामान्य हो रही है.’

उन्होंने आगे बताया कि एम्स द्वारा जारी मेडिकल बुलेटिन में कहा गया है कि उनके स्वास्थ्य के प्रमुख पैरामीटर सामान्य हैं। एम्स के मेडिकल बुलेटिन के मुताबिक बालकृष्ण का ब्लड प्रेशर, ईसीजी और इको आदि जांच की रिपोर्ट नॉर्मल है।

 

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