Connect with us

प्रादेशिक

भोपाल के बैंक में जमा हुए नकली नोट

Published

on

भोपाल के बैंक में जमा हुए नकली नोटभोपाल | नोटबंदी के बाद बैंकों में पुराने नोट जमा कराए जाने के दौरान नकली नोट भी खूब जमा हुए हैं। यह खुलासा मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के आईडीबीआई बैंक की एक शाखा में जमा हुई रकम से हुआ है। एमपी नगर थाने के प्रभारी आशीष कुमार ने गुरुवार को बताया कि आईडीबीआई बैंक की कोलार शाखा में नोटबंदी के बाद जमा हुई रकम में दो लाख तीन हजार रुपये के नकली नोट मिले हैं। सभी नोट 500 और 1000 रुपये के पुराने नोट हैं।

उन्होंने बताया कि एमपी नगर राजधानी का नोडल थाना है, लिहाजा बैंक ने यह शिकायत और नकद थाने को सौंपी है। भारतीय रिजर्व बैंक का कार्यालय इसी थाना क्षेत्र में है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आठ नबंवर की मध्यरात्रि से 500 और 1000 के नोटों को अमान्य घोषित कर दिया था। उसके बाद कुछ प्रमुख स्थानों पर यह नोट चलाने की सुविधा दी गई थी और इन पुराने नोटों को 30 दिसंबर तक बैंकों में जमा कराने की अनुमति दी गई थी।

प्रादेशिक

दिल्लीः शाहीन बाग में तिरंगा फहराकर मनाया गया गणतंत्र दिवस

Published

on

नई दिल्ली। आज के दिन पूरा देश गणतंत्र दिवस मना रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार सुबह भारत के 71वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को हार्दिक बधाई दी। प्रधानमंत्री ने ट्वीट में लिखा, “सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की बहुत-बहुत बधाई। जय हिन्द!”

इस बीच गणतंत्र दिवस पर दिल्ली के शाहीन बाग में भी तिरंगा फहराया गया है। यह तिरंगा शाहीन बाग में उस जगह फहराया गया है, जहां पिछले करीब डेढ़ महीने नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) और नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन्स (NRC) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया जा रहा है। गणतंत्र दिवस के मौके पर पूरे इलाके को तिरंगे के रंग से सजाया गया। बता दें कि धरने पर बैठे लोग लगातार नागरिकता संशोधन कानून, एनआरसी और एनपीआर का विरोध कर रहे हैं। लोग सीएए कानून को वापस लिए जाने की मांग कर रहे हैं।

एक तरफ जहां शाहीन बाग में लगातार सीएए के खिलाफ विरोध प्रदर्शन चल रहा है, तो दूसरी तरफ केंद्र सरकार इस कानून को लेकर सख्त है। गृहमंत्री अमित शाह ने साफ कर दिया है कि वह इस कानून को वापस नहीं लेंगे, जिसे विरोध करना है करे।

गौरतलब है कि शाहीन बाग में 15 दिसंबर से ही बड़ी संख्या में मुस्लिम महिलाएं धरने पर बैठी हैं। ये महिलाएं नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी का लगातार विरोध कर रही हैं। इनका कहना है कि ये कानून उनके साथ भेदभाव करता है। वे पीएम मोदी और गृहमंत्री अमित शाह से इस कानून को वापस लेने की मांग कर रही हैं। हालांकि, अमित शाह ने पिछले दिनों कहा था कि सरकार इस मुद्दे पर पीछे नहीं हटेगी।

Continue Reading
Advertisement Aaj KI Khabar English

Trending