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चीन के युवा पी रहे हैं ब्रेस्ट मिल्क
टैग: wet nurse china, पेइचिंग, दक्षिणी चीन, शेनज़ेन शहर, महिला का दूध, वेट नर्स
Sunday, Jul 7 2013 8:38PM IST
पेइचिंग। दक्षिणी चीन के शेनज़ेन शहर के युवाओं के बीच इन दिनों एक अजीब ट्रेंड जोर पकड़ रहा है। बहुत से अमीरजादे महिला का दूध पीने के दीवाने हो उठे हैं। अपने इस शौक को पूरा करने के लिए वे कोई भी रकम चुकाने के लिए तैयार हैं। और तो और, लगातार बढ़ रही इंसानी दूध की मांग को पूरा करने के लिए कुछ ऐसी एजेंसियां खुल गई हैं, जो महिलाओं को सप्लाई कर रही हैं।

शेनज़ेन में अमीर अडल्ट युवक ब्रेस्ट मिल्क पीने के लिए वेट नर्सों को हायर कर रहे हैं। वेट नर्स उस महिला को कहा जाता है, जो किसी और के बच्चे को अपना दूध पिलाकर उसकी केयर करे। एक एजेंसी इन अमीरजादों को वेट नर्स सप्लाई कर रही है। यह एजेंसी उन गरीब महिलाओं से संपर्क करती है, जिन्होंने हाल ही में बच्चे को जन्म दिया होता है। ये गरीब महिलाएं भी कुछ पैसे मिलने के लालच में यह सब करने के लिए तैयार हो जाती है। हाल ही में मां बनी ये महिलाएं कुछ दिन से लेकर हफ्ते भर तक की सर्विस के लिए 2 हजार से 4 हजार डॉलर्स (करीब सवा लाख रुपये लेकर ढाई लाख रुपये तक) लेती हैं।

लोकल मीडिया में आई रिपोर्ट्स के मुताबिक वेट नर्स सप्लाई करने वाली एजेंसी शिनशिनयू के मालिक कहते हैं, 'अगर किसी अडल्ट क्लाइंट को दूध पीना होता है तो वह सीधा ब्रेस्टफीडिंग के जरिए पी सकता है। अगर उसे ऐसा करने में शर्म आ रही है तो हम उसे ब्रेस्ट पंप के जरिए निकाला दूध सप्लाई करते हैं।' मीडिया में लगातार रिपोर्ट आने के बाद प्रेशर में आई शेनज़ेन सरकार ने वेट नर्स सप्लाई करने वाली एजेंसी शिनशिनयू बिज़नस लाइसेंस तो कैंसल कर दिया, लेकिन वेब यूजर्स का मानना है कि यह कदम काफी नहीं है। बताया जा रहा है कि ऐसी बहुत सी एजेंसियां हैं, जो गुपचुप तरीके से इस फील्ड में काम कर रही हैं।

चीन में कुछ लोग मानते हैं कि इंसान का दूध उन लोगों के लिए फायदेमंद है, जिन्होंने कोई सर्जरी कराई हो। मगर चीन के इंटरनेट यूजर्स ने इस ट्रेंड को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर की है। वे इसे न सिर्फ अनैतिक मान रहे हैं, बल्कि महिलाओं के लिए खतरनाक भी समझ रहे हैं। चीन के मीडिया में लिखते रहने वाले काओ बाओइन का कहना है, 'यह चलन दिखाता है कि चीन का समाज नैतिक पतन की तरफ बढ़ रहा है। इससे महिलाओं को एक चीज़ समझकर खरीद-फरोख्त करने की समस्या बढ़ रही है।'